दुर्ग पुलिस ने साइबर ठगी के मामलों में इस्तेमाल किए जा रहे म्यूल बैंक खातों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने साइबर ठगों को अपने बैंक खाते, पासबुक, ATM, चेकबुक और सिम कार्ड उपलब्ध कराने के आरोप में 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने कथित तौर पर 2 हजार से 15 हजार रुपए तक के कमीशन के लालच में अपने बैंकिंग संसाधन दूसरे लोगों को दिए थे।पुलिस के मुताबिक, साइबर ठगी की जांच के दौरान जिन बैंक खातों में ठगी की रकम पहुंची, उनके बैंक लेनदेन और तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया गया। जांच में सामने आया कि भिलाई भट्ठी, भिलाई नगर और सुपेला थाना क्षेत्रों के कुछ खातों का इस्तेमाल ठगी की रकम मंगाने और फिर दूसरे खातों में ट्रांसफर करने के लिए किया जा रहा था।8 सितंबर को तीन थाना क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मोहन राम, गजेन्द्र कुमार साहू, भीष्म लाल भारती, ओम प्रकाश यादव, देवरतन टंडन और लोकनाथ वर्मा को गिरफ्तार किया।आरोपियों के कब्जे से पासबुक, ATM कार्ड, चेकबुक, सिम कार्ड और मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। पुलिस अब बैंक खातों के लेनदेन की जांच कर साइबर ठगी से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका का पता लगा रही है।
दुर्ग पुलिस ने साइबर ठगी के मामलों में इस्तेमाल किए जा रहे म्यूल बैंक खातों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने साइबर ठगों को अपने बैंक खाते, पासबुक, ATM, चेकबुक और सिम कार्ड उपलब्ध कराने के आरोप में 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने कथित तौर पर 2 हजार से 15 हजार रुपए तक के कमीशन के लालच में अपने बैंकिंग संसाधन दूसरे लोगों को दिए थे।
पुलिस के मुताबिक, साइबर ठगी की जांच के दौरान जिन बैंक खातों में ठगी की रकम पहुंची, उनके बैंक लेनदेन और तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया गया। जांच में सामने आया कि भिलाई भट्ठी, भिलाई नगर और सुपेला थाना क्षेत्रों के कुछ खातों का इस्तेमाल ठगी की रकम मंगाने और फिर दूसरे खातों में ट्रांसफर करने के लिए किया जा रहा था।
8 सितंबर को तीन थाना क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मोहन राम, गजेन्द्र कुमार साहू, भीष्म लाल भारती, ओम प्रकाश यादव, देवरतन टंडन और लोकनाथ वर्मा को गिरफ्तार किया।
आरोपियों के कब्जे से पासबुक, ATM कार्ड, चेकबुक, सिम कार्ड और मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। पुलिस अब बैंक खातों के लेनदेन की जांच कर साइबर ठगी से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका का पता लगा रही है।
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