छत्तीसगढ़ में फैलता अफीम का जाल: दुर्ग, बलरामपुर के बाद रायगढ़ में भी अवैध खेती का भंडाफोड़ तमनार में एक एकड़ में अफीम की फसल बरामद, मुख्य आरोपी हिरासत में; कई जिलों में जांच तेज

रायगढ़/छत्तीसगढ़ में अवैध अफीम की खेती का नेटवर्क लगातार फैलता नजर आ रहा है। दुर्ग और बलरामपुर के बाद अब रायगढ़ जिले में भी अफीम की खेती पकड़े जाने से प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। राज्य सरकार के निर्देश पर चल रही जांच के दौरान अब तक तीन जिलों में अफीम की अवैध खेती का खुलासा हो चुका है।

ताजा मामला रायगढ़ जिले के तमनार क्षेत्र के आमाघाट का है, जहां नदी किनारे एक खेत में अवैध रूप से अफीम की फसल तैयार की जा रही थी। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी कर कार्रवाई की। जांच में सामने आया कि झारखंड निवासी सुषमा खलखो पति मार्शल संगा अपने खेत में सब्जियों के साथ-साथ करीब एक एकड़ में अफीम की खेती कर रही थी।

पुलिस ने मौके से मुख्य आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में और भी लोगों की संलिप्तता की जांच की जा रही है और पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा।

प्रदेश में अब तक कहां-कहां पकड़ी गई अफीम की खेती:

 दुर्ग जिले में अवैध अफीम खेती का पहला मामला सामने आया

 बलरामपुर जिले में दो अलग-अलग स्थानों पर अफीम की खेती पकड़ी गई

 अब रायगढ़ जिले के तमनार क्षेत्र में एक एकड़ फसल बरामद

इस तरह अब तक प्रदेश के *कम से कम 3 जिलों में 4 स्थानों पर अफीम की अवैध खेती* का खुलासा हो चुका है।

पुलिस सख्त, आम लोगों से अपील

रायगढ़ पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अवैध अफीम की खेती में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आम नागरिकों से भी अपील की गई है कि ऐसी किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।

लगातार सामने आ रहे मामलों से यह साफ है कि छत्तीसगढ़ में अफीम की अवैध खेती का दायरा बढ़ रहा है। ऐसे में पुलिस और प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई आने वाले दिनों में और तेज होने की संभावना है।

Comments (0)

    Pls Add Data.

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *