रायपुर। छत्तीसगढ़ में कोरोना संक्रमण में लगातार कमी आ रही है, लेकिन कई जिलों में अभी भी ज्यादा मरीज मिल रहे हैं। एक माह में बिलासपुर, कोरबा, रायपुर, दुर्ग और जांजगीर-चांपा, कांकेर जिले में नए मरीजों की संख्या प्रदेश के बाकी जिलों की तुलना में अधिक रही है। सितंबर में बिलासपुर में सर्वाधिक 105 हैं, जबकि इसके बाद कोरबा में मरीजों की संख्या 85 है। रायपुर में भी नए केस 68 हैं। दुर्ग में नए मरीजों की संख्या 64 रही। वहीं जांजगीर, कांकेर में भी 53 मिले हैं। पिछले तीन दिनों में रायपुर में 10 से अधिक नए केस मिले हैं। वहीं प्रदेश में कोरोना की पहली और दूसरी लहर के बाद सितंबर में ऐसा पहली बार हुआ है जब पूरे महीने में नए मरीजों की संख्या एक हजार से कम रही है। इस पूरे महीने में प्रदेश में सबसे न्यूनतम नए केस मिले हैं। विशेषज्ञों के अनुसार किसी भी महामारी में पहली के बाद दूसरी लहर का अनुमान लगाना जितना सरल होता है, उतना ही कठिन तीसरी लहर का अनुमान लगा पाना होता है। क्योंकि तीसरी लहर वायरस के साथ हमारे बिहेवियर यानी हमारे बर्ताव पर भी काफी हद तक निर्भर करती है। बीते दो महीने में कोरोना वायरस में प्रदेश में कोई नया म्यूटेशन नहीं दिखाई दिया है। इसलिए भी सितंबर के महीने में बहुत ज्यादा राहत रही है। इसके पीछे एक और अहम कारण वैक्सीन भी रहा है, जिसका कवरेज लगातार बढ़ रहा है। इन जिलों में ज्यादा केस मिलेजिले केसबिलासपुर 105कोरबा 85रायपुर 68दुर्ग 54कांकेर 53 इन जिलों कम केस कवर्धा 0गौरेला 02नारायणपुुर 03सूरजपुर 06बलरामपुर 08(TNS)
रायपुर। छत्तीसगढ़ में कोरोना संक्रमण में लगातार कमी आ रही है, लेकिन कई जिलों में अभी भी ज्यादा मरीज मिल रहे हैं। एक माह में बिलासपुर, कोरबा, रायपुर, दुर्ग और जांजगीर-चांपा, कांकेर जिले में नए मरीजों की संख्या प्रदेश के बाकी जिलों की तुलना में अधिक रही है। सितंबर में बिलासपुर में सर्वाधिक 105 हैं, जबकि इसके बाद कोरबा में मरीजों की संख्या 85 है। रायपुर में भी नए केस 68 हैं। दुर्ग में नए मरीजों की संख्या 64 रही।
वहीं जांजगीर, कांकेर में भी 53 मिले हैं। पिछले तीन दिनों में रायपुर में 10 से अधिक नए केस मिले हैं। वहीं प्रदेश में कोरोना की पहली और दूसरी लहर के बाद सितंबर में ऐसा पहली बार हुआ है जब पूरे महीने में नए मरीजों की संख्या एक हजार से कम रही है। इस पूरे महीने में प्रदेश में सबसे न्यूनतम नए केस मिले हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार किसी भी महामारी में पहली के बाद दूसरी लहर का अनुमान लगाना जितना सरल होता है, उतना ही कठिन तीसरी लहर का अनुमान लगा पाना होता है। क्योंकि तीसरी लहर वायरस के साथ हमारे बिहेवियर यानी हमारे बर्ताव पर भी काफी हद तक निर्भर करती है। बीते दो महीने में कोरोना वायरस में प्रदेश में कोई नया म्यूटेशन नहीं दिखाई दिया है। इसलिए भी सितंबर के महीने में बहुत ज्यादा राहत रही है। इसके पीछे एक और अहम कारण वैक्सीन भी रहा है, जिसका कवरेज लगातार बढ़ रहा है।
इन जिलों में ज्यादा केस मिले
जिले केस
बिलासपुर 105
कोरबा 85
रायपुर 68
दुर्ग 54
कांकेर 53
इन जिलों कम केस
कवर्धा 0
गौरेला 02
नारायणपुुर 03
सूरजपुर 06
बलरामपुर 08
(TNS)
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